ये दिसम्बर भी बीतेगा

ये दिसम्बर भी बीतेगा पिछले साल की तरह, . . . इसे भी तुम्हारी तरह रुकने की आदत नहीं।

इश्क का धंधा

इश्क का धंधा बड़ा ही गन्दा.. . . . मुनाफे में “जेब” जले.. और घाटे में “दिल”

मुस्कान झूठी है

आंखों के नीचे काले घेरे बताते है . . . . होंठो पर जो मुस्कान है झूठी है 💔

एक बार इश्क़ हो जाने दो

एक बार इश्क़ हो जाने दो हमको भी… . . . फिर शायरियां चेप चेप कर कलेजा ना फाड़ दिया तो कहना…😂 😂😂😂😂😂

बेजान आईना

बेज़ान आईने का दखल ग़वाऱा नही मुझे मैं केवल खुद को तेरी आँखों में देखना चाहती हुँ 💞😘 💞 👉💞 💞👈 बेहपना मोहबतें –

दिल से भी बहरा था

हम उसको सुनाते रहे गम की कहानियां। जो शख्स कान से ही नही दिल से भी बहरा था

काग़ज़ का बदन

ये हवाएँ उड़ न जाएँ ले के काग़ज़ का बदन , . . . दोस्तो मुझ पर कोई पत्थर ज़रा भारी रखो ।। ~राहत इंदौरी

वो बदल गये है

बात ये है कि वो बदल गये है . . . ज़ुल्म ये है कि मानते भी नहीं है…!! #बज़्म #शायरी

Sab Fijul Hai

मेरी शायरियों का बस इतना उसूल है . . . तुम वाह ! कहो तो मुकम्मल बर्ना सब फिजूल है !

सांवले रंग पर मत जा गालिब

अरे ओ गालिब सांवले रंग पर मत जा गालिब . . . मैंने दुध से ज्यादा चाय के दिवाने देखे है। 😍☕️😍